वृंदावन से आचार्य श्री नीरज कुमार पाराशर जी से जानें 11/08/2023 दिन शुक्रवार का अपना दैनिक राशिफल

0
50

🌺🌺🙏🙏🌺🌺🙏🙏🌺🌺
*********|| जय श्री राधे ||*********
🌺🙏 *महर्षि पाराशर पंचांग* 🙏🌺
🙏🌺🙏 *अथ पंचांगम्* 🙏🌺🙏
*********ll जय श्री राधे ll*********
🌺🌺🙏🙏🌺🌺🙏🙏🌺🌺

*दिनाँक :-11/08/2023, शुक्रवार*
एकादशी, कृष्ण पक्ष,
अधिक श्रावण
“”””””””””””””””””””””””””””””””””””(समाप्ति काल)

तिथि———– एकादशी अहोरात्र तक
पक्ष————————- कृष्ण
नक्षत्र——– मृगशिरा 30:01:16
योग———- व्याघात 15:04:13
करण————– बव 17:44:56
वार———————– शुक्रवार
माह—————- अधिक श्रावण
चन्द्र राशि—– वृषभ 16:57:18
चन्द्र राशि—————– मिथुन
सूर्य राशि——————– कर्क
रितु————————– वर्षा
आयन—————– दक्षिणायण
संवत्सर—————— शोभकृत
संवत्सर (उत्तर) ——————-पिंगल
विक्रम संवत————— 2080
गुजराती संवत————– 2079
शक संवत——————1945

वृन्दावन
सूर्योदय————— 05:48:43
सूर्यास्त—————- 18:59:49
दिन काल————- 13:11:05
रात्री काल————- 10:49:25
चंद्रास्त—————–15:34:20
चंद्रोदय—————- 25:49:09

लग्न—- कर्क 23°56′ , 113°56′

सूर्य नक्षत्र————— आश्लेषा
चन्द्र नक्षत्र—————- मृगशिरा
नक्षत्र पाया——————- लोहा

*🚩💮🚩 पद, चरण 🚩💮🚩*

वे—- मृगशीर्षा 10:27:42

वो—- मृगशीर्षा 16:57:18

का—-मृगशीर्षा 23:28:32

*💮🚩💮 ग्रह गोचर 💮🚩💮*

ग्रह =राशी , अंश ,नक्षत्र, पद
==========================
सूर्य=कर्क 22:30 अश्लेषा , 3 डे
चन्द्र=वृषभ 24:30 , मृगशिरा , 1 वे
बुध =सिंह 21°: 34′ पू o फा o, 3 टी
शुक्र=कर्क 27°05, अश्लेषा ‘ 4 डो
मंगल=सिंह 25°30 ‘ पू oफाo’ 4 टू
गुरु=मेष 20°30 ‘ भरणी , 3 ले
शनि=कुम्भ 11°13 ‘ शतभिषा ,2 सा
राहू=(व) मेष 04°22 अश्विनी , 2 चे
केतु=(व) तुला 04°22 चित्रा , 4 री

*🚩💮🚩 शुभा$शुभ मुहूर्त 🚩💮🚩*

राहू काल 10:45 – 12:24 अशुभ
यम घंटा 15:42 – 17:21 अशुभ
गुली काल 07:28 – 09: 07अशुभ
अभिजित 11:58 – 12:51 शुभ
दूर मुहूर्त 08:27 – 09:20 अशुभ
दूर मुहूर्त 12:51 – 13:43 अशुभ
वर्ज्यम 10:02 – 11:45 अशुभ

💮चोघडिया, दिन
काल 05:49 – 07:28 अशुभ
शुभ 07:28 – 09:07 शुभ
रोग 09:07 – 10:45 अशुभ
उद्वेग 10:45 – 12:24 अशुभ
चर 12:24 – 14:03 शुभ
लाभ 14:03 – 15:42 शुभ
अमृत 15:42 – 17:20 शुभ
काल 17:20 – 18:59 अशुभ

🚩चोघडिया, रात
लाभ 18:59 – 20:20 शुभ
उद्वेग 20:20 – 21:42 अशुभ
शुभ 21:42 – 23:03 शुभ
अमृत 23:03 – 24:24* शुभ
चर 24:24* – 25:46* शुभ
रोग 25:46* – 27:07* अशुभ
काल 27:07* – 28:28* अशुभ
लाभ 28:28* – 29:50* शुभ

💮होरा, दिन
शनि 05:49 – 06:55
बृहस्पति 06:55 – 08:01
मंगल 08:01 – 09:07
सूर्य 09:07 – 10:12
शुक्र 10:12 – 11:18
बुध 11:18 – 12:24
चन्द्र 12:24 – 13:30
शनि 13:30 – 14:36
बृहस्पति 14:36 – 15:42
मंगल 15:42 – 16:47
सूर्य 16:47 – 17:53
शुक्र 17:53 – 18:59

🚩होरा, रात
बुध 18:59 – 19:53
चन्द्र 19:53 – 20:47
शनि 20:47 – 21:42
बृहस्पति 21:42 – 22:36
मंगल 22:36 – 23:30
सूर्य 23:30 – 24:24*
शुक्र 24:24* – 25:19*
बुध 25:19* – 26:13*
चन्द्र 26:13* – 27:07*
शनि 27:07* – 28:01*
बृहस्पति 28:01* – 28:56*
मंगल 28:56* – 29:50*

*🚩 उदयलग्न प्रवेशकाल 🚩*

कर्क > 03:10 से 05:28 तक
सिंह > 05:28 से 08:52 तक
कन्या > 08:52 से 11:04 तक
तुला > 11:04 से 12:08 तक
वृश्चिक > 12:08 से 14:28 तक
धनु > 14:28 से 16:34 तक
मकर > 16:34 से 18:26 तक
कुम्भ > 18:26 से 20:24 तक
मीन > 20:24 से 21:34 तक
मेष > 21:34 से 23:12 तक
वृषभ > 23:12 से 00:52 तक
मिथुन > 00:52 से 03:00 तक

*🚩विभिन्न शहरों का रेखांतर (समय)संस्कार*

(लगभग-वास्तविक समय के समीप)
दिल्ली +10मिनट——— जोधपुर -6 मिनट
जयपुर +5 मिनट—— अहमदाबाद-8 मिनट
कोटा +5 मिनट———— मुंबई-7 मिनट
लखनऊ +25 मिनट——–बीकानेर-5 मिनट
कोलकाता +54—–जैसलमेर -15 मिनट

*नोट*– दिन और रात्रि के चौघड़िया का आरंभ क्रमशः सूर्योदय और सूर्यास्त से होता है।
प्रत्येक चौघड़िए की अवधि डेढ़ घंटा होती है।
चर में चक्र चलाइये , उद्वेगे थलगार ।
शुभ में स्त्री श्रृंगार करे,लाभ में करो व्यापार ॥
रोग में रोगी स्नान करे ,काल करो भण्डार ।
अमृत में काम सभी करो , सहाय करो कर्तार ॥
अर्थात- चर में वाहन,मशीन आदि कार्य करें ।
उद्वेग में भूमि सम्बंधित एवं स्थायी कार्य करें ।
शुभ में स्त्री श्रृंगार ,सगाई व चूड़ा पहनना आदि कार्य करें ।
लाभ में व्यापार करें ।
रोग में जब रोगी रोग मुक्त हो जाय तो स्नान करें ।
काल में धन संग्रह करने पर धन वृद्धि होती है ।
अमृत में सभी शुभ कार्य करें ।

*💮दिशा शूल ज्ञान————-पश्चिम*
परिहार-: आवश्यकतानुसार यदि यात्रा करनी हो तो घी अथवा काजू खाके यात्रा कर सकते है l
इस मंत्र का उच्चारण करें-:
*शीघ्र गौतम गच्छत्वं ग्रामेषु नगरेषु च l*
*भोजनं वसनं यानं मार्गं मे परिकल्पय: ll*

*🚩 अग्नि वास ज्ञान -:*
*यात्रा विवाह व्रत गोचरेषु,*
*चोलोपनिताद्यखिलव्रतेषु ।*
*दुर्गाविधानेषु सुत प्रसूतौ,*
*नैवाग्नि चक्रं परिचिन्तनियं ।।* *महारुद्र व्रतेSमायां ग्रसतेन्द्वर्कास्त राहुणाम्*
*नित्यनैमित्यके कार्ये अग्निचक्रं न दर्शायेत् ।।*

15 + 11 + 6 + 1 = 32 ÷ 4 = 0 शेष
स्वर्ग लोक पर अग्नि वास हवन के लिए शुभ कारक है l

*🚩💮 ग्रह मुख आहुति ज्ञान 💮🚩*

सूर्य नक्षत्र से अगले 3 नक्षत्र गणना के आधार पर क्रमानुसार सूर्य , बुध , शुक्र , शनि , चन्द्र , मंगल , गुरु , राहु केतु आहुति जानें । शुभ ग्रह की आहुति हवनादि कृत्य शुभपद होता।

राहू ग्रह मुखहुति

*💮 शिव वास एवं फल -:*

26 + 26 + 5 = 57 ÷ 7 = 1 शेष

कैलाश वास = शुभ कारक

*🚩भद्रा वास एवं फल -:*

*स्वर्गे भद्रा धनं धान्यं ,पाताले च धनागम:।*
*मृत्युलोके यदा भद्रा सर्वकार्य विनाशिनी।।*

*💮🚩 विशेष जानकारी 🚩💮*

*एकादशी व्रत कल का मान्य है

*खुदीराम बॉस शहीद दिवस

*💮🚩💮 शुभ विचार 💮🚩💮*

यावत्स्वस्थो ह्ययं देहो यावन्मृत्युश्च दूरतः ।
तावदात्महितं कुर्यात् प्राणान्ते किं करिष्यति।।
।। चा o नी o।।

जब आपका शरीर स्वस्थ है और आपके नियंत्रण में है उसी समय आत्मसाक्षात्कार का उपाय कर लेना चाहिए क्योंकि मृत्यु हो जाने के बाद कोई कुछ नहीं कर सकता है.

*🚩💮🚩 सुभाषितानि 🚩💮🚩*

गीता -: सांख्ययोग अo-02

नैनं छिन्दन्ति शस्त्राणि नैनं दहति पावकः ।,
न चैनं क्लेदयन्त्यापो न शोषयति मारुतः ॥,

इस आत्मा को शस्त्र नहीं काट सकते, इसको आग नहीं जला सकती, इसको जल नहीं गला सकता और वायु नहीं सुखा सकता॥,23॥,

*💮🚩 दैनिक राशिफल 🚩💮*

देशे ग्रामे गृहे युद्धे सेवायां व्यवहारके।
नामराशेः प्रधानत्वं जन्मराशिं न चिन्तयेत्।।
विवाहे सर्वमाङ्गल्ये यात्रायां ग्रहगोचरे।
जन्मराशेः प्रधानत्वं नामराशिं न चिन्तयेत ।।

🐏मेष
धनागम होगा। भूमि व भवन संबंधी योजना बनेगी। रोजगार मिलेगा। आय में वृद्धि होगी। जल्दबाजी न करें। नौकरी में ऐच्छिक स्थानांतरण एवं पदोन्नति के योग हैं। स्वाध्याय के महत्व को समझें। संतान को अपने कार्यों में सफलता मिल सकेगी।

🐂वृष
पुराना रोग उभर सकता है। बेचैनी रहेगी। प्रयास सफल रहेंगे। योजना बनेगी। कार्यप्रणाली में सुधार होगा। व्यापारिक गोपनीयता भंग न करें। पूंजी निवेश लाभकारी रहेगा। व्यापार की चिंता रहेगी। आपसी विचार-विमर्श लाभप्रद रहेगा। आशानुरूप स्थिति बनेगी।

👫मिथुन
शारीरिक कष्ट से बाधा संभव है। विवाद न करें। दु:खद समाचार मिल सकता है। लाभ के अवसर हाथ से निकलेंगे। शत्रु से सतर्क रहें। काम के प्रति लापरवाही न करें, किसी बात पर मतभेद की संभावना है।

🦀कर्क
फालतू खर्च होगा। क्रोध पर नियंत्रण रखें। पुराना रोग उभर सकता है। कुसंगति से हानि होगी। अनसोचे कार्य होंगे। दांपत्य जीवन में मनमुटाव हो सकता है। पारिवारिक समस्याएँ सूझबूझ से निपटाएँ। कार्य में सहयोग मिलेगा। सामाजिक मान-प्रतिष्ठा बढ़ेगी।

🐅सिंह
वैवाहिक प्रस्ताव मिल सकता है। शुभ समाचार प्राप्त होंगे। मान बढ़ेगा। धनार्जन होगा। थकान रहेगी। रचनात्मक कार्य में मन लगेगा। अपना व्यवहार संयमित रखकर काम करें। मित्रों की मदद से समस्या का समाधान हो सकेगा। समय का सदुपयोग होगा।

🙍‍♀️कन्या
नए अनुबंध हो सकते हैं। व्यवसाय ठीक चलेगा। मान-सम्मान बढ़ेगा। कार्यसिद्धि होगी। प्रसन्नता रहेगी। पारिवारिक तनाव से मन परेशान रहेगा। स्वास्थ्य का ध्यान रखें। लाभ में कमी आ सकती है। उचित मार्गदर्शन लेना जरूरी होगा। प्रमाद न करें।

⚖️तुला
परिवार की चिंता रहेगी। जीवनसाथी से सहयोग मिलेगा। कानूनी अड़चन दूर होगी। व्यवसाय ठीक चलेगा। थकान रहेगी। पिता का स्वास्थ्य संतोष देगा। अहंकार के भाव मन में न आने दें। व्यापार में नई योजनाओं से लाभ होगा। आर्थिक स्थिति संतोषप्रद रहेगी।

🦂वृश्चिक
बेरोजगारी दूर होगी। व्यावसायिक यात्रा सफल रहेगी। अप्रत्याशित लाभ हो सकता है। प्रसन्नता में वृद्धि होगी। कामकाज की जिज्ञासा बढ़ेगी। राजनीतिक एवं सामाजिक कार्यों में सफलता की संभावना है। व्यापार में मनोनुकूल लाभ होने के योग हैं।

🏹धनु
स्वादिष्ट भोजन का आनंद मिलेगा। विद्यार्थी वर्ग सफलता हासिल करेगा। व्यवसाय ठीक चलेगा। प्रमाद न करें। कार्य एवं व्यवसाय के क्षेत्र में विभिन्न बाधाओं से मन अशांत रहेगा। स्वार्थ एवं भोग की प्रवृत्ति के कारण अधिक प्रतिष्ठा प्राप्त नहीं कर पाएँगे।

🐊मकर
धर्म-कर्म में रुचि रहेगी। कानूनी अड़चन दूर होगी। धनार्जन होगा। प्रसन्नता रहेगी। यश, प्रतिष्ठा में वृद्धि के योग हैं। मनोरंजन के अवसर उपलब्ध होंगे। अनसोचे कामों में हाथ नहीं डालें। कामकाज की जिज्ञासा बढ़ेगी। आर्थिक स्थिति अच्छी रहेगी।

🍯कुंभ
प्रयास सफल रहेंगे। मान-सम्मान मिलेगा। व्यवसाय ठीक चलेगा। सुख के साधन जुटेंगे। शत्रु परास्त होंगे। सुखवृद्धि एवं पारिवारिक उन्नति होगी। आर्थिक योजनाओं में धन का निवेश हो सकता है। पड़ोसियों से किसी बात पर मतभेद की संभावना है।

🐟मीन
अपनी स्थिति, योग्यता के अनुरूप कार्य करें। चोट, चोरी व विवाद आदि से हानि संभव है। जोखिम न लें। झंझटों में न पड़ें। आय में कमी होगी। व्यापार में लाभ होने के योग हैं। धार्मिक कामों में रुचि बढ़ेगी। परिवार में किसी से विवाद हो सकता है

🙏आपका दिन मंगलमय हो🙏
🌺🌺🌺🌺🙏🌺🌺🌺🌺
*आचार्य नीरज पाराशर (वृन्दावन)*
(व्याकरण,ज्योतिष,एवं पुराणाचार्य)
09815015941

LEAVE A REPLY