वृंदा धाम से आचार्य श्री नीरज कुमार पाराशर जी से जानें दूसरे नवरात्रे 10/04/2024 दिन बुधवार का अपना दैनिक राशिफल

0
23

🌺🌺🙏🙏🌺🌺🙏🙏🌺🌺
*********|| जय श्री राधे ||*********
🌺🙏 *महर्षि पाराशर पंचांग* 🙏🌺
🙏🌺🙏 *अथ पंचांगम्* 🙏🌺🙏
*********ll जय श्री राधे ll*********
🌺🌺🙏🙏🌺🌺🙏🙏🌺🌺

*दिनाँक:- 10/04/2024, बुधवार*
द्वितीया, शुक्ल पक्ष,
चैत्र
“””””””””””””””””””””””””””””””””””””””(समाप्ति काल)

तिथि———- द्वितीया 17:31:49 तक
पक्ष———————— शुक्ल
नक्षत्र———– भरणी 27:04:38
योग——— विश्कुम्भ 10:36:18
करण———– बालव 06:57:58
करण———– कौलव 17:31:49
करण———– तैतुल 28:13:05
वार———————— बुधवार
माह————————– चैत्र
चन्द्र राशि——————– मेष
सूर्य राशि——————- मीन
रितु————————- वसंत
आयन—————— उत्तरायण
संवत्सर——————– क्रोधी
संवत्सर (उत्तर)————- कालयुक्त
विक्रम संवत—————- 2081
गुजराती संवत————– 2080
शक संवत—————— 1946
कलि संवत—————– 5125

वृन्दावन
सूर्योदय————— 06:00:52
सूर्यास्त—————- 18:40:15
दिन काल————- 12:39:23
रात्री काल————–11:19:33
चंद्रोदय—————- 06:51:01
चंद्रास्त—————- 20:39:26

लग्न—-मीन 26°27′ , 356°27′

सूर्य नक्षत्र—————— रेवती
चन्द्र नक्षत्र—————— भरणी
नक्षत्र पाया——————- स्वर्ण

*🚩💮🚩 पद, चरण 🚩💮🚩*

ली—- भरणी 10:32:39

लू—- भरणी 16:01:26

ले—- भरणी 21:32:04

लो—- भरणी 27:04:38

*💮🚩💮 ग्रह गोचर 💮🚩💮*

ग्रह =राशी , अंश ,नक्षत्र, पद
==========================
सूर्य= मीन 26:10, रेवती 3 च
चन्द्र=मेष 13:30 , भरणी 1 ली
बुध =मीन 29:53′ रेवती 4 ची
शु क्र= मीन 11°05, उ o भाo ‘ 3 झ
मंगल=कुम्भ 19°30 ‘ शतभिषा’ 4 सू
गुरु=मेष 25°30 भरणी , 4 लो
शनि=कुम्भ 20°50 ‘ शतभिषा ,4 सू
राहू=(व) मीन 21°25 रेवती , 2 दो
केतु=(व) कन्या 21°25 हस्त , 4 ठ

*🚩💮🚩 शुभा$शुभ मुहूर्त 💮🚩💮*

राहू काल 12:21 – 13:55 अशुभ
यम घंटा 07:36 – 09:11 अशुभ
गुली काल 10:46 – 12: 21अशुभ
अभिजित 11:55 – 12:46 अशुभ
दूर मुहूर्त 11:55 – 12:46 अशुभ
वर्ज्यम 13:50 – 15:18 अशुभ
प्रदोष 18:40 – 20:58 शुभ

💮चोघडिया, दिन
लाभ 06:01 – 07:36 शुभ
अमृत 07:36 – 09:11 शुभ
काल 09:11 – 10:46 अशुभ
शुभ 10:46 – 12:21 शुभ
रोग 12:21 – 13:55 अशुभ
उद्वेग 13:55 – 15:30 अशुभ
चर 15:30 – 17:05 शुभ
लाभ 17:05 – 18:40 शुभ

🚩चोघडिया, रात
उद्वेग 18:40 – 20:05 अशुभ
शुभ 20:05 – 21:30 शुभ
अमृत 21:30 – 22:55 शुभ
चर 22:55 – 24:20* शुभ
रोग 24:20* – 25:45* अशुभ
काल 25:45* – 27:10* अशुभ
लाभ 27:10* – 28:35* शुभ
उद्वेग 28:35* – 29:59* अशुभ

💮होरा, दिन
बुध 06:01 – 07:04
चन्द्र 07:04 – 08:07
शनि 08:07 – 09:11
बृहस्पति 09:11 – 10:14
मंगल 10:14 – 11:17
सूर्य 11:17 – 12:21
शुक्र 12:21 – 13:24
बुध 13:24 – 14:27
चन्द्र 14:27 – 15:30
शनि 15:30 – 16:34
बृहस्पति 16:34 – 17:37
मंगल 17:37 – 18:40

🚩होरा, रात
सूर्य 18:40 – 19:37
शुक्र 19:37 – 20:34
बुध 20:34 – 21:30
चन्द्र 21:30 – 22:27
शनि 22:27 – 23:23
बृहस्पति 23:23 – 24:20
मंगल 24:20* – 25:17
सूर्य 25:17* – 26:13
शुक्र 26:13* – 27:10
बुध 27:10* – 28:07
चन्द्र 28:07* – 29:03
शनि 29:03* – 29:59

*🚩 उदयलग्न प्रवेशकाल 🚩*

मीन > 03:50 से 05:20 तक
मेष > 05:20 से 08:12 तक
वृषभ > 08:12 से 09:06 तक
मिथुन > 09:06 से 11:16 तक
कर्क > 11:16 से 13:46 तक
सिंह > 13:46 से 15:50 तक
कन्या > 15:50 से 18:06 तक
तुला > 18:06 से 19:56 तक
वृश्चिक > 19:56 से 22:20 तक
धनु > 22:20 से 00:20 तक
मकर > 00:20 से 02:22 तक
कुम्भ > 02:22 से 03:48 तक

*🚩विभिन्न शहरों का रेखांतर (समय)संस्कार*

(लगभग-वास्तविक समय के समीप)
दिल्ली +10मिनट——— जोधपुर -6 मिनट
जयपुर +5 मिनट—— अहमदाबाद-8 मिनट
कोटा +5 मिनट———— मुंबई-7 मिनट
लखनऊ +25 मिनट——–बीकानेर-5 मिनट
कोलकाता +54—–जैसलमेर -15 मिनट

*नोट*– दिन और रात्रि के चौघड़िया का आरंभ क्रमशः सूर्योदय और सूर्यास्त से होता है।
प्रत्येक चौघड़िए की अवधि डेढ़ घंटा होती है।
चर में चक्र चलाइये , उद्वेगे थलगार ।
शुभ में स्त्री श्रृंगार करे,लाभ में करो व्यापार ॥
रोग में रोगी स्नान करे ,काल करो भण्डार ।
अमृत में काम सभी करो , सहाय करो कर्तार ॥
अर्थात- चर में वाहन,मशीन आदि कार्य करें ।
उद्वेग में भूमि सम्बंधित एवं स्थायी कार्य करें ।
शुभ में स्त्री श्रृंगार ,सगाई व चूड़ा पहनना आदि कार्य करें ।
लाभ में व्यापार करें ।
रोग में जब रोगी रोग मुक्त हो जाय तो स्नान करें ।
काल में धन संग्रह करने पर धन वृद्धि होती है ।
अमृत में सभी शुभ कार्य करें ।

*💮दिशा शूल ज्ञान————-उत्तर*
परिहार-: आवश्यकतानुसार यदि यात्रा करनी हो तो पान अथवा पिस्ता खाके यात्रा कर सकते है l
इस मंत्र का उच्चारण करें-:
*शीघ्र गौतम गच्छत्वं ग्रामेषु नगरेषु च l*
*भोजनं वसनं यानं मार्गं मे परिकल्पय: ll*

*🚩 अग्नि वास ज्ञान -:*
*यात्रा विवाह व्रत गोचरेषु,*
*चोलोपनिताद्यखिलव्रतेषु ।*
*दुर्गाविधानेषु सुत प्रसूतौ,*
*नैवाग्नि चक्रं परिचिन्तनियं ।।* *महारुद्र व्रतेSमायां ग्रसतेन्द्वर्कास्त राहुणाम्*
*नित्यनैमित्यके कार्ये अग्निचक्रं न दर्शायेत् ।।*

2 + 4 + 1 = 7 ÷ 4 = 3 शेष
मृत्यु लोक पर अग्नि वास हवन के लिए शुभ कारक है l

*🚩💮 ग्रह मुख आहुति ज्ञान 💮🚩*

सूर्य नक्षत्र से अगले 3 नक्षत्र गणना के आधार पर क्रमानुसार सूर्य , बुध , शुक्र , शनि , चन्द्र , मंगल , गुरु , राहु केतु आहुति जानें । शुभ ग्रह की आहुति हवनादि कृत्य शुभपद होता है

सूर्य ग्रह मुखहुति

*💮 शिव वास एवं फल -:*

2 + 2 + 5 = 9 ÷ 7 = 2 शेष

गौरी सन्निधौ = शुभ कारक

*🚩भद्रा वास एवं फल -:*

*स्वर्गे भद्रा धनं धान्यं ,पाताले च धनागम:।*
*मृत्युलोके यदा भद्रा सर्वकार्य विनाशिनी।।*

*💮🚩 विशेष जानकारी 🚩💮*

*नवरात्रि द्वितीय दिवस ब्रह्मचारणी देवी पूजन

*जल संसाधन दिवस

*संत झूलेलाल जयंती

*💮🚩💮 शुभ विचार 💮🚩💮*

गते शोको न कर्तव्यो भविष्यं नैव चिन्तयेत् ।
वर्तमानेन कालेन प्रवर्त्तन्ते विचक्षणाः ।।
।। चा o नी o।।

हम उसके लिए ना पछताए जो बीत गया. हम भविष्य की चिंता भी ना करे. विवेक बुद्धि रखने वाले लोग केवल वर्तमान में जीते है.

*🚩💮🚩 सुभाषितानि 🚩💮🚩*

गीता -: कर्मसन्यास योग अo-05

साङ्‍ख्ययोगौ पृथग्बालाः प्रवदन्ति न पण्डिताः ।,
एकमप्यास्थितः सम्यगुभयोर्विन्दते फलम्‌ ॥,

उपर्युक्त संन्यास और कर्मयोग को मूर्ख लोग पृथक्‌-पृथक् फल देने वाले कहते हैं न कि पण्डितजन, क्योंकि दोनों में से एक में भी सम्यक्‌ प्रकार से स्थित पुरुष दोनों के फलरूप परमात्मा को प्राप्त होता है॥,4॥,

*💮🚩 दैनिक राशिफल 🚩💮*

देशे ग्रामे गृहे युद्धे सेवायां व्यवहारके।
नामराशेः प्रधानत्वं जन्मराशिं न चिन्तयेत्।।
विवाहे सर्वमाङ्गल्ये यात्रायां ग्रहगोचरे।
जन्मराशेः प्रधानत्वं नामराशिं न चिन्तयेत ।।

🐏मेष
स्वास्थ्य कमजोर रहेगा। वाणी में हल्के शब्दों के प्रयोग से बचें। वाहन, मशीनरी व अग्नि आदि के प्रयोग में विशेषकर स्त्रियां सावधानी रखें। कार्यों की गति धीमी रहेगी। बु‍द्धि का प्रयोग करें। प्रयास अधिक करना पड़ेंगे। निराशा हावी रहेगी। आय में निश्चितता रहेगी। व्यापार ठीक चलेगा। लाभ होगा।

🐂वृष
आशंका-कुशंका के चलते कार्य की गति धीमी रह सकती है। घर-परिवार के किसी सदस्य के स्वास्थ्‍य की चिंता रहेगी। वैवाहिक प्रस्ताव प्राप्त हो सकता है। कारोबार में वृद्धि के योग हैं। सभी ओर से सफलता प्राप्त होगी। दुष्टजन हानि पहुंचा सकते हैं। लाभ होगा।

👫मिथुन
जीवनसाथी से कहासुनी हो सकती है। संपत्ति के बड़े सौदे बड़ा लाभ दे सकते हैं। बेरोजगारी दूर होगी। करियर बनाने के अवसर प्राप्त होंगे। नौकरी में प्रशंसा प्राप्त होगी। पारिवारिक सहयोग से कार्य में आसानी होगी। दूसरों के कार्य में दखल न दें। प्रमाद से बचें।

🦀कर्क
बौद्धिक कार्य सफल रहेंगे। लाभ के असवर हाथ आएंगे। यात्रा में सावधानी रखें। किसी पारिवारिक आनंदोत्सव में हिस्सा लेने का मौका मिलेगा। स्वादिष्ट भोजन का आनंद प्राप्त होगा। कीमती वस्तुएं संभालकर रखें। शत्रु पस्त होंगे। विवाद न करें। बेचैनी रहेगी।

🐅सिंह
कोई बुरी खबर प्राप्त हो सकती है। पारिवारिक चिंताएं रहेंगी। मेहनत अधिक तथा लाभ कम होगा। दूसरों से अपेक्षा न करें। व्यवसाय ठीक चलेगा। मातहतों का सहयोग नहीं मिलेगा। कुसंगति से बचें, हानि होगी। जोखिम व जमानत के कार्य टालें। आय में निश्चितता रहेगी। प्रमाद न करें।

🙍‍♀️कन्या
मित्रों की सहायता कर पाएंगे। मेहनत का फल मिलेगा। मान-सम्मान मिलेगा। कीमती वस्तुएं संभालकर रखें। नौकरी में उच्चाधिकारी की प्रसन्नता रहेगी। नया उपक्रम प्रारंभ करने की योजना बनेगी। व्यापार मनोनुकूल लाभ देगा। समय अनुकूल है। प्रसन्नता रहेगी।

⚖️तुला
दूर से अच्‍छी खबर प्राप्त हो सकती है। आत्मविश्वास बढ़ेगा। कोई बड़ा काम करने की योजना बनेगी। पराक्रम व प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी। घर में अतिथियों पर व्यय होगा। किसी मांगलिक कार्य का आयोजन हो सकता है। व्यवसाय ठीक चलेगा। शत्रु शांत रहेंगे। प्रसन्नता रहेगी।

🦂वृश्चिक
प्रेम-प्रसंग में जल्दबाजी न करें। शारीरिक कष्ट से कार्य में रुकावट होगी। अप्रत्याशित लाभ हो सकता है। यात्रा मनोरंजक रहेगी। नौकरी में अनुकूलता रहेगी। लाभ में वृद्धि होगी। निवेश में जल्दबाजी न करें। पार्टनरों का सहयोग मिलेगा। जरूरी वस्तु गुम हो सकती है।

🏹धनु
अप्रत्याशित खर्च सामने आएंगे। यात्रा में जल्दबाजी न करें। चिंता तथा तनाव बने रहेंगे। स्वास्थ्य का पाया कमजोर रहेगा। स्वास्थ्‍य पर बड़ा खर्च हो सकता है। विवाद को बढ़ावा न दें। आय में कमी रहेगी। व्यवसाय की गति धीमी रहेगी। जोखिम व जमानत के कार्य टालें। बेचैनी रहेगी।

🐊मकर
विवेक का प्रयोग लाभ में वृद्धि करेगा। कोई बड़ी बाधा से सामना हो सकता है। राजभय रहेगा। जल्दबाजी व विवाद करने से बचें। रुका हुआ धन मिल सकता है। व्यावसायिक यात्रा मनोनुकूल रहेगी। किसी अपने के व्यवहार से दु:ख होगा। नौकरी में उच्चाधिकारी का ध्यान खुद की तरफ खींच पाएंगे।

🍯कुंभ
समाजसेवा में रुझान रहेगा। प्रतिष्ठा बढ़ेगी। नई आर्थिक नीति बनेगी। कार्यप्रणाली में सुधार होगा। पुरानी व्याधि से परेशानी हो सकती है। नौकरी में प्रभाव बढ़ेगा। व्यापार वृद्धि होगी। ऐश्वर्य पर व्यय होगा। भाइयों का सहयोग मिलेगा। समय अनुकूल है। लाभ लें। प्रमाद न करें।

🐟मीन
राजकीय अवरोध दूर होंगे। लाभ के अवसर हाथ आएंगे। धर्म-कर्म में मन लगेगा। व्यापार मनोनुकूल चलेगा। नौकरी में सहकर्मी साथ देंगे। निवेश शुभ रहेगा। प्रभावशाली व्यक्तियों से परिचय होगा। घर-बाहर पूछ-परख रहेगी। प्रसन्नता रहेगी। जल्दबाजी न करें।

🙏आपका दिन मंगलमय हो🙏
🌺🌺🌺🌺🙏🌺🌺🌺🌺
*आचार्य नीरज पाराशर (वृन्दावन)*
(व्याकरण,ज्योतिष,एवं पुराणाचार्य)
098150115941

LEAVE A REPLY